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    केदारनाथ जलप्रलय के 13 साल: नम आंखों से दी 2013 की आपदा के दिवंगतों को श्रद्धांजलि

    Updated: Thu, 18 Jun 2026 05:01 PM (IST)

    केदारनाथ आपदा की 13वीं बरसी पर गौरीकुंड में दिवंगतों को श्रद्धापूर्वक याद किया गया। तीर्थ पुरोहितों, व्यापारियों, पुलिस और एसडीआरएफ ने दो मिनट का मौन ...और पढ़ें

    केदारनाथ आपदा की 13वीं बरसी पर दिवंगतों को श्रद्धांजलि देते स्थानीय लोग। जागरण

    केदारनाथ आपदा की 13वीं बरसी पर दिवंगतों को श्रद्धांजलि देते स्थानीय लोग। जागरण

    HighLights

    1. केदारनाथ आपदा की 13वीं बरसी पर श्रद्धांजलि सभा आयोजित

    2. गौरीकुंड में दिवंगतों को नम आंखों से किया गया याद

    3. तीर्थ पुरोहितों, पुलिस, एसडीआरएफ ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि

    संवाद सूत्र, गौरीकुंड (रुद्रप्रयाग)। वर्ष 2013 की भीषण केदारनाथ आपदा में जान गंवाने वाले श्रद्धालुओं, स्थानीय निवासियों और सुरक्षाकर्मियों को बुधवार को श्रद्धापूर्वक याद किया गया।

    आपदा की 13वीं बरसी पर स्थित मंदिर परिसर में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में तीर्थ पुरोहितों, हक-हकूकधारियों, व्यापारियों, पुलिस और एसडीआरएफ के जवानों ने दिवंगत आत्माओं को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।

    बुधवार सुबह ठीक नौ बजे तीर्थ पुरोहित सभा के अध्यक्ष के नेतृत्व में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया।

    इस दौरान उपस्थित लोगों ने वर्ष 2013 की विनाशकारी त्रासदी में असमय काल-कवलित हुए हजारों लोगों की स्मृति में दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धासुमन अर्पित किए और दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना की।

    गौरतलब है कि 16 और 17 जून 2013 को केदारनाथ क्षेत्र में आई भीषण जलप्रलय और प्राकृतिक आपदा ने अभूतपूर्व तबाही मचाई थी।

    इस त्रासदी में देश-विदेश से आए हजारों श्रद्धालुओं, स्थानीय नागरिकों और राहत एवं बचाव कार्यों में जुटे सुरक्षाकर्मियों की जान चली गई थी।

    इस आपदा ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया था और इसकी स्मृतियां आज भी लोगों के मन में ताजा हैं। हर वर्ष की तरह इस बार भी आयोजित श्रद्धांजलि सभा में बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया।

    कार्यक्रम में तीर्थ पुरोहित समाज के पदाधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधि, व्यापारी, पुलिस और एसडीआरएफ के जवान शामिल रहे। सभी ने आपदा में दिवंगत हुए लोगों और बलिदानी साथियों को नम आंखों से याद करते हुए उनकी स्मृतियों को नमन किया।

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