विधायक तिलक राज बेहड़ के बेटे पर हमले का खुलासा, दिल से उतर गया किडनी देने वाला बेटा
उत्तराखंड के पूर्व कैबिनेट मंत्री और विधायक तिलक राज बेहड़ के बेटे सौरभ बेहड़ ने खुद पर हमले की साजिश रची। इस खुलासे से बेहड़ बेहद आहत हैं, जिन्होंने ...और पढ़ें

विधायक तिलक राज बेहड़. File Photo
HighLights
सौरभ बेहड़ ने खुद पर हमले की साजिश का खुलासा हुआ
विधायक तिलक राज बेहड़ बेटे की करतूत से बेहद शर्मिंदा
किडनी दान कर पिता की जान बचाने वाला बेटा अब खोटा
स्कंद शुक्ल, रुद्रपुर l उत्तराखंड और विशेषकर तराई की राजनीति में पूर्व कैबिनेट मंत्री व किच्छा विधायक तिलक राज बेहड़ की उपस्थिति हमेशा प्रभावी रही है। क्षेत्र में उनकी राजनीतिक सक्रियता और जनाधार वाली छवि का हर कोई कायल रहा है। यही कारण है कि जब बेटे सौरभ बेहड़ पर हमले की खबर आई तो अस्पताल में कांग्रेस के साथ ही भाजपा के भी विधायक और मेयर कुशलछेम पूछने पहुंचे।
सीएम धामी भी वार्ता कर निरंतर संपर्क में बने रहे। लेकिन जीवन की किताब में कुछ पन्ने ऐसे होते हैं, जो सब कुछ उलट-पुलट कर देते हैं। तिलक राज के लिए वो पन्ना उनके अपने बेटे सौरभ बेहड़ ने लिखा। एक ऐसी साजिश जो न सिर्फ परिवार को तोड़ गई, बल्कि उनकी वर्षों की कमाई साख को भी दागदार कर गई। सच्चाई सामने आई तो बेहड़ प्रेस वार्ता में टूटकर बिखर गए। जिस बेटे ने किडनी देकर उनकी जान बचाई थी, वह दिल से उतर गया। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा मेरा अपना ही खोटा सिक्का निकल गया। कुछ साल पहले की बात है।
तिलक राज बेहड़ की सेहत अचानक बिगड़ गई। किडनी फेल हो गई थी। डाक्टरों ने साफ कह दिया, "ट्रांसप्लांट के बिना मुश्किल है।" पूरा परिवार और उनके चाहने वाले सदमे में थे। तब सौरभ ने कहा "पापा, मैं दूंगा अपनी किडनी। आप मेरे सब कुछ हो।" बेहड़ की आंखें भर आईं। "नहीं बेटा, तू जवान है, तेरी जिंदगी आगे है।" लेकिन सौरभ नहीं माना। टेस्ट हुए, मैच हुआ, और ट्रांसप्लांट आपरेशन सफल रहा। अस्पताल के बेड पर तिलक राज ने बेटे का हाथ थामा। "तूने मुझे नई जिंदगी दी है, सौरभ। अब मैं तेरा कर्ज कभी नहीं उतार पाऊंगा।" सौरभ मुस्कुराया, "कर्ज क्या पापा, ये तो बेटे का फर्ज है।" वो पल परिवार के लिए अमर हो गया। लेकिन वही बेटा अब खोटा सिक्का निकल गया। स्वयं पर हमले की साजिश रचकर पिता के पूरे सुनहरे राजनीतिक करियर पर कभी न मिटने वाला दाग लगा दिया।
ऐसा स्टैंड लेना आसान नहीं....
बेटे की करतूतों को लेकर तिलक राज ने प्रेस कान्फ्रेंस बुलाई। कैमरों के सामने वो फफक कर रो पड़े। "मैं शर्मिंदा हूं। बेटे की करतूत पर पार्टी, जनता और परिवार से माफी मांगता हूं। पुलिस जो कार्रवाई करे, मैं सहयोग करूंगा।" आंसू बहते रहे, आवाज लड़खड़ाई। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार जताया। ये दृश्य देखकर लोग भावुक हो गए। उनकी ईमानदारी पर मुहर लग गई। "ऐसा स्टैंड लेना आसान नहीं," लोग कहने लगे।