उत्तरकाशी का गंगोत्री हाईवे हादसा: चालक ने बताया- बोल्डर से टकराकर खाई में गिरी कार, दो की मौत
गंगोत्री हाईवे पर हुए कार हादसे में चालक जसवीर सिंह ने बताया कि एक बड़े बोल्डर की चपेट में आने से कार अनियंत्रित होकर खाई में गिरी। ...और पढ़ें

हादसे में घायल कार चालक जसवीर सिंह। जागरण

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जागरण संवाददाता, उत्तरकाशी। गंगोत्री हाईवे पर हेल्गुगाड के पास हुए कार हादसे में घायल चालक जसवीर सिंह का कहना है कि यह हादसा कार के बड़े बोल्डर की चपेट में आने से हुआ। बोल्डर की टक्कर से अनियंत्रित हुई कार खाई में लुढ़कती चली गई।
सभी यात्री नींद में थे, इस कारण उन्हें संभलने तक का मौका नहीं मिला। हादसे में महाराष्ट्र निवासी दंपती की मौत हो गई, जबकि चालक जसवीर सिंह सहित ओडिशा निवासी दंपती मौत को मात देकर जिंदा बच गए। हालांकि, उन्हें भी हादसे में चोटें आई हैं।
दैनिक जागरण से बातचीत में पंजाब के श्री मुक्सर साहिब जिले के मलोट नगर निवासी जसवीर सिंह (35) ने बताया कि वह पांच वर्ष से ड्राइविंग के पेशे में है और पंजाब की एक ट्रैवल कंपनी में कार चालक हैं।
उसने ओडिशा व महाराष्ट्र के दो दंपतियों को हरिद्वार से चारधाम यात्रा के लिए बिठाया था। यमुनोत्री धाम की यात्रा के बाद वह शुक्रवार सुबह पांच बजे गंगोत्री धाम को रवाना हुए और सुबह साढ़े नौ बजे गंगोत्री पहुंचे। दिन में साढ़े 11 बजे से शाम साढ़े चार बजे तक वर्षा हुई। तबीयत खराब होने के चलते ओडिशा निवासी दंपती ने दर्शन नहीं किए।
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वहीं, महाराष्ट्र निवासी दंपती को श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के चलते दर्शन में काफी समय लगा। बताया कि वह करीब पांच बजे गंगोत्री धाम से उत्तरकाशी के लिए चले, लेकिन रास्ते में वाहनों की भारी भीड़ के चलते करीब दो घंटे जाम में फंसे।
वर्षा से भीगी सड़क पर रात के अंधेरे में वह गंगनानी क्षेत्र से गुजर रहे थे कि हेल्गूगाड के पास एक बड़ा पत्थर गिरा, जिसकी चपेट में आने से कार अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा गिरी।
चालक जसवीर ने बताया कि उसके ड्राइवरिंग पेशे में पहला सड़क हादसा है, जिसमें दो तीर्थयात्रियों की मौत हो गई। इसका बोझ जिंदगीभर बना रहेगा। हादसे में जसवीर के सिर, ठोड़ी और पैर में भी चोट आई है।
खाने के लिए भटकना पड़ा
शुक्रवार देर रात को जिला अस्पताल लाए गए हादसे में गंभीर घायल ओडिशा निवासी महिला यात्री को हायर सेंटर दून अस्पताल रेफर किया गया, जिसके साथ ही उसके पति भी चले गए। वहीं, उपचार के बाद जसवीर सिंह को इमरजेंसी वार्ड में निगरानी के लिए रखा गया। लेकिन जिला अस्पताल में भर्ती नहीं होने के चलते उन्हें खाना नहीं मिल पाया। इस कारण उन्हें खाने के लिए सुबह व दोपहर अस्पताल के आसपास बने होटलों में भटकना पड़ा।
मृतकों के नाम
- दामोधर हरीराम रामटेकर (77) निवासी नागपुर महाराष्ट्र।
- लक्ष्मी दामोधर रामटेकर (67) पत्नी दामोधर हरीराम रामटेकर निवासी नागपुर महाराष्ट्र।
घायलों के नाम
- विमल कुमार प्रधान (61) पुत्र बैंकुट प्रधान निवासी भुवनेश्वर ओडिशा
- उपासना (54 )पत्नी विमल कुमार प्रधान निवासी भुवनेश्वर ओडिशा
- चालक जसवीर सिंह(35) पुत्र बाज सिंह निवासी मलोट पंजाब।
साढ़े तीन घंटे चला रेस्क्यू आपरेशन
गंगोत्री हाईवे पर बीते शुक्रवार रात हुए कार हादसे में घायल व मृतकों को खाई से निकालने के लिए रेस्क्यू आपरेशन करीब साढ़े तीन घंटे तक चला, जिसमें एसडीआरएफ के जवानों की भूमिका महत्वपूर्ण रही।
कोतवाल दीपक नौटियाल ने बताया कि खाई में कंडाली की झाड़ियों के चलते जवानों को रेस्क्यू आपरेशन में परेशानी का भी सामना करना पड़, बावजूद इसके सभी ने त्वरित कार्रवाई कर सबसे पहले घायलों को सड़क तक पहुंचाया।
चालक की ओर से तो पत्थर की चपेट में आने से ही कार के अनियंत्रित होकर खाई में गिरने की बात कही गई है। हादसे में मृतक दंपती के इकलौते पुत्र की ओर से एफआइआर दर्ज कराई जाती है तो हादसे के कारणों को लेकर विवेचना की जाएगी।
-दीपक नौटियाल, प्रभारी मनेरी कोतवाली।
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