बंगाल में दो लोगों की मौत के बाद शमिक भट्टाचार्य ने दिया सख्त संदेश- हिंसा बर्दाश्त नहीं, भाजपा में नहीं होगा तृणमूलीकरण
बंगाल में भाजपा की जीत के बाद प्रदेश अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने नवान्न का दौरा कर मुख्य सचिव से मुलाकात की और शपथ ग्रहण व सुरक्षा पर चर्चा की। ...और पढ़ें

शमिक भट्टाचार्य ने कहा- बंगाल में अब नहीं होगी हिंसा (फोटो-एएनआइ)

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राज्य ब्यूरो, जागरण, कोलकाता। बंगाल में भाजपा की प्रचंड जीत के बाद नई सरकार के गठन की कवायद के बीच पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष शमिक भट्टाचार्य ने बुधवार दोपहर में राज्य सचिवालय नवान्न का दौरा किया।
नवान्न पहुंचकर शमिक ने राज्य के मुख्य सचिव दुष्यंत नरियाला से मुलाकात की, जहां शपथ ग्रहण समारोह की तैयारियों और सुरक्षा व्यवस्था पर विस्तार से चर्चा की।
भाजपा विधायक दल की बैठक
नए नेता (मुख्यमंत्री) के चुनाव के लिए शुक्रवार शाम कोलकाता में गृह मंत्री अमित शाह की उपस्थिति में होने वाली भाजपा विधायक दल की बैठक और नौ मई को ब्रिगेड परेड ग्राउंड में प्रस्तावित शपथ ग्रहण समारोह से पहले शमिक ने राज्य प्रशासन के शीर्ष स्तर पर संवाद कर स्पष्ट संकेत दिया।
शमिक भट्टाचार्य ने कहा कि नई सत्ता व्यवस्था के साथ कानून-व्यवस्था पर सख्त नियंत्रण उनकी प्राथमिकता है। शमिक के साथ बंगाल भाजपा के केंद्रीय पर्यवेक्षक सुनील बंसल, पुरुलिया से सांसद ज्योतिर्मय सिंह महतो और विष्णपुर से सांसद सौमित्र खां भी मौजूद थे।
नवान्न जाने से पहले शमिक ने पत्रकारों से बातचीत में चुनाव बाद हिंसा पर सख्त संदेश देते हुए कहा कि भाजपा किसी भी प्रकार की हिंसा को बर्दाश्त नहीं करेगी।
यह भी स्पष्ट किया कि यदि भाजपा का झंडा लेकर कोई तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर हमला करता है, तो उसकी जिम्मेदारी पार्टी नहीं लेगी, क्योंकि अभी औपचारिक रूप से सत्ता हस्तांतरण नहीं हुआ है।
उनके इस बयान को एक ओर जहां राजनीतिक सतर्कता के रूप में देखा जा रहा है, वहीं दूसरी ओर यह प्रशासन पर दबाव बनाने की रणनीति भी माना जा रहा है।
भट्टाचार्य ने यह भी कहा कि भाजपा में तृणमूलीकरण नहीं होने दिया जाएगा। उनका इशारा उन नेताओं की ओर था जो सत्ता बदलते ही दल बदलने की कोशिश करते हैं। जोर दिया कि पुराने कार्यकर्ताओं के त्याग का सम्मान किया जाएगा।
शमिक भट्टाचार्य ने यह भी दावा किया कि राज्य में जो हिंसा हो रही है, वह वास्तव में तृणमूल के भीतर की लड़ाई है, जिसे भाजपा पर थोपने की कोशिश की जा रही है। चेतावनी दी कि यदि भाजपा का कोई भी नेता हिंसा को बढ़ावा देता पाया गया, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी-चाहे वह कितना ही बड़ा नेता क्यों न हो।