विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 15, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

मायावती की मुलायम को बिन मांगी सलाह-अब राजनीति से लें संन्यास

By Dharmendra PandeyEdited By:
Updated: Fri, 16 Sep 2016 09:25 AM (IST)

मायावती ने कहा कि प्रदेश की जनता का व्यापक हित देखते हुए मुलायम सिंह यादव को अपने पुत्र मोह का त्याग करते हुए सक्रिय राजनीति से संन्यास ले लेना चाहिए।

News Article Hero Image

लखनऊ (वेब डेस्क)। बहुजन समाज पार्टी की मुखिया मायावती ने समाजवादी परिवार में कलह पर समाजवादी पार्टी के मुखिया मुलायम सिंह यादव को बिना मांगे सलाद दी है। मायावती ने मुलायम सिंह यादव को राजनीति से सन्यास लेने की सलाह दी है। मायावती आज लखनऊ में पार्टी के पदाधिकारियों के साथ बैठक कर रही थीं।

बहुजन समाज पार्टी (बसपा) सुप्रीमो मायावती ने समाजवादी पार्टी में मचे घमासान पर चुटकी लेते हुए सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव को बिन मांगी सलाह दे डाली।

चुनाव से पहले दंगा करा सकती सपा-भाजपा : मायावती

मायावती ने कहा कि प्रदेश की जनता का व्यापक हित देखते हुए मुलायम सिंह यादव को अपने पुत्र मोह का त्याग करते हुए सक्रिय राजनीति से संन्यास ले लेना चाहिए। मायावती ने कहा समाजवादी पार्टी में समय-समय पर कलह और घमसान की ख़बरें प्रथम दृष्टया लोगों का ध्यान बांटने के लिए नाटकबाजी लगती है।

बसपा प्रमुख ने जंगलराज के लिए सपा सरकार को दोषी ठहराया

मायावती ने आज लखनऊ कार्यालय में पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर चुनावी रणनीति पर चर्चा की। इसके बाद जारी विज्ञप्ति ने मायावती ने मुलायम को यह सलाह दी। इसके साथ ही मायावती ने कांग्रेस की किसान यात्रा और पदयात्रा भी तंज कसा। मायावती ने कहा कि प्रदेश में कांग्रेस की हालत काफी खराब है। उसके बड़े नेता, रथयात्रा, किसान यात्रा और खाट यात्रा के जरिए पूरे प्रदेश की खाक छान रहे हैं।

मायावती बहन के रूप में साथ आती हैं तो मैं पीएम मोदी से भी मिला दूंगा : अठावले

हमलावर मूड में मायावती ने भारतीय जनता पार्टी को भी नहीं बख्शा। उन्होंने कहा कि भाजपा इस गलतफहमी में न रहे कि आने वाला चुनाव समाजवादी पार्टी की असफलता के साथ ही साथ प्रदेश में जातिवाद, गुंडाराज व बिगड़ती कानून-व्यवस्था पर ही लड़ा जाएगा। विधानसभा चुनाव केंद्र में मोदी सरकार की विफलता और उनके किसान और दलित विरोधी नीतियों पर भी लड़ा जाएगा। केंद्र की भाजपा ने गरीब, किसान व मजदूर के लिए कुछ भी नहीं किया। भाजपा की नीतियां इनके विरोधवाली हैं।

मायावती बौखलाई, डरी और अनर्गल प्रलाप करने वालीः विपक्ष

भाजपा सिर्फ कट्टरवाद को संरक्षण दे रही है। भाजपा ने उत्तर प्रदेश की जनता को अखिलेश सरकार के जंगलराज से मुक्त नहीं कराया है।

लखनऊ में बहुजन समाज पार्टी की नौ अक्टूबर को बड़ी रैली होगी। नौ अक्टूबर को कांशीराम के परिनिर्वाण दिवस पर बहुजन समाज पार्टी की लखनऊ के कांशीराम ईको पार्क में विशाल रैली होगी।