भोजपुर के भरत तिवारी की श्रद्धांजलि सभा 30 को; 100 हलवाई तैयार कर रहे भोजन, 15 हजार लोगों के जुटने की संभावना
भोजपुर के बिलौटी गांव में 17 जून को मुठभेड़ में मारे गए भरत भूषण तिवारी की श्रद्धांजलि सभा और ब्रह्मभोज 30 जून को आयोजित होगा। इसमें 15 हजार से अधिक ल ...और पढ़ें
-1782725398494_m.webp)
भरत तिवारी के ब्रह्मभोज व श्रद्धांजलि सभा के लिए लग रहा टेंट। जागरण
HighLights
भरत तिवारी की श्रद्धांजलि सभा और ब्रह्मभोज 30 जून को।
बिलौटी गांव में 15 हजार से अधिक लोगों के जुटने की उम्मीद।
100 हलवाई और 500 स्वयंसेवक तैयारियों में जुटे।
पंचायत सूत्र, बिलौटी (शाहपुर)। भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में 17 जून को एनकाउंटर में मारे गए भरत भूषण तिवारी की श्रद्धाजंलि सभा सह ब्रह्मभोज की तैयारियां जोर-शोर से चल रही हैं।
स्वजन और पारिवारिक मित्रों द्वारा बड़े स्तर पर आयोजन की तैयारी की जा रही है। 30 जून को होने वाले ब्रह्मभोज में करीब 15 हजार से अधिक लोगों के शामिल होने की संभावना जताई जा रही है।
एक सौ हलवाई जुटे हैं भोजन तैयार करने में
इसी को देखते हुए इतने ही लोगों के भोजन की व्यवस्था की जा रही है। भोजन तैयार करने के लिए करजा, बिलौटी और ब्रह्मपुर क्षेत्र के लगभग 100 हलवाई तथा करीब 300 सहायक लगातार जुटे हुए हैं।
खाना बनाने के लिए एलपीजी सिलेंडर और कोयले की व्यवस्था की गई है। बाहरी क्षेत्रों से आने वाले लोगों की सुविधा और व्यवस्था संभालने के लिए आसपास के कई गांवों के करीब 500 स्वयंसेवकों को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
वहीं पेयजल की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए पानी के टैंकर और बोतलबंद पानी की भी व्यवस्था की जा रही है।
घर के पास लगाया जा रहा बड़ा शामियाना
श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए भरत तिवारी के घर के समीप बड़े क्षेत्रफल में अलग से टेंट लगाया जा रहा है। मौसम की अनिश्चितता को देखते हुए कई स्थानों पर वाटरप्रूफ टेंट भी लगाए जा रहे हैं।
ताकि वर्षा होने की स्थिति में लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। स्वजन अलावा भरत तिवारी के मामा ब्रह्मपुर निवासी भगवती पांडे, रिश्तेदार मंगल पांडे तथा गांव के समाजसेवी पंकज त्रिपाठी आयोजन की तैयारियों में सक्रिय रूप से लगे हुए हैं।
उनके अनुसार कई लोग स्वेच्छा से आयोजन के लिए सामग्री लेकर पहुंच रहे हैं। हालांकि परिवार का कहना है कि उन्होंने किसी से कोई सहयोग नहीं मांगा है।
लेकिन यदि कोई अपनी इच्छा से सहयोग कर रहा है तो उसे मना भी नहीं किया जा सकता। इस बीच प्राय: हर दिन राजनेताओं का आना-जाना लगा हुआ है।
यह भी पढ़ें- भोजपुर के बिलौटी में क्यों रुका भरत तिवारी स्मारक का निर्माण? पहली ईंट रखी गई, लेकिन आगे नहीं बढ़ा काम
यह भी पढ़ें- 'उसका नाम भरत था, वह पूरे भारत का था'; भोजपुर में बेटे की तेरहवीं पर पिता का भावुक संदेश
यह भी पढ़ें- भोजपुर में भरत तिवारी स्मारक की तैयारी पर लगा ब्रेक; NOC नहीं होने पर प्रशासन की आपत्ति