बिहार: मंत्री के सामने खुली सिस्टम की पोल, जवान बेटे की मौत के मुआवजे के लिए 4 साल से भटक रहा पिता रो पड़ा
पुरैनी के सहयोग शिविर में एक पिता ने मंत्री शीला कुमारी के सामने अपने बेटे की सड़क दुर्घटना में मौत के चार साल बाद भी मुआवजा न मिलने का दर्द बयां किया ...और पढ़ें
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बेबस पिता और प्रभारी मंत्री। फाइल फोटो

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संवाद सूत्र, पुरैनी(मधेपुरा)। प्रखंड अंतर्गत सपरदह पंचायत के नयाटोला कड़ामा स्थित पंचायत सरकार भवन एवं औराय पंचायत भवन में सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में काफी संख्या में पहुंचे ग्रामीणों ने पूर्व के अलावे अपने-अपने विभिन्न समस्याओं एवं आवश्यकताओं से संबंधित आवेदन विभागीय पदाधिकारी को सौंपा।
सपरदह पंचायत में शिविर में प्रभारी मंत्री के सामने अपनी बेवसी बताते हुए खुशी लाल राम फफक पड़े। कहा कि जवान बेटे की सड़क दुर्घटना में मौत होने के उपरांत वे चार वर्षों से मुआवजा की राशि पाने के लिए कार्यालयों का चक्कर काट रहे है।
पीड़ित पिता की पीड़ा सुनकर प्रभारी मंत्री शीला कुमारी सहित जिलाधिकारी अभिषेक रंजन, पुलिस अधीक्षक संदीप सिंह व अन्य पदाधिकारी और ग्रामीण हतप्रभ रह गए।
4 साल पहले हुआ था दुखद हादसा
सपरदह पंचायत के वार्ड संख्या आठ निवासी खुशी लाल राम ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि 18 फरवरी 2022 की सुबह पुरैनी-डुमरैल बस स्टैंड चौक पर मेरे पुत्र रंजीत राम एवं आलमनगर प्रखंड के महद्दीपुर निवासी उत्तम साह (जो स्थानीय विधायक सह विधानसभा उपाध्यक्ष नरेंद्र नारायण यादव के सचिव हैं) की पुत्री खुशी कुमारी सवारी गाड़ी के इंतजार में खड़े थे।
इसी दौरान चौसा की ओर से तेज गति से आ रहे अनियंत्रित हइवा ने एक ट्रैक्टर को टक्कर मारते हुए एक होटल में घुस गई। जिसकी चपेट में आने से दोनों की मौत हो गई। एक साथ मामला भी दर्ज किया गया था। लेकिन दुर्भाग्य की बात यह है मृतका राखी कुमारी के स्वजन को मुआवजा की राशि मिल गई।
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मेरा मामला पहले मधेपुरा फिर पूर्णिया और अब सहरसा न्यायालय में लंबित है। वहीं सहरसा न्यायालय में बिचौलियों के द्वारा ढाई लाख रुपए की मांग कर मामले को लटका दिया गया है। यह सुनते ही प्रभारी मंत्री ने जिलाधिकारी को अविलंब इस मामले में पहल करते हुए पीड़ित पिता को मुआवजा राशि दिलाने को कहा।
सहयोग शिविर में कई लोगों को मिला लाभ
वहीं शिविर में मुखिया सुभाष कुमार भारती की उपस्थिति में प्राप्त हुए कुल 136 आवेदनों में से 109 आवेदनों का आन द स्पाट निष्पादन किया गया।
प्रभारी मंत्री ने प्रधानमंत्री मातृत्व वंदना योजना के तहत खुशबू कुमारी एवं मोनिका कुमारी को छह-छह हजार रुपए की राशि का चेक, पांच-पांच लाभार्थियों को आयुष्मान एवं जॉब कार्ड दिया।
इसके अलावा 17 लाभार्थियों को लेबर कार्ड एवं चार लाभार्थियों को प्रधानमंत्री आवास योजना की चाबी प्रदान कीं। जबकि सतत जीवकोपार्जन योजना के तहत 22 जीविका दीदियों के बीच 07 लाख 16 हजार रुपए की सहायता राशि प्रदान की गई।
इसी तरह औराय पंचायत में मुखिया सावित्री सिंह की उपस्थिति में प्राप्त 123 आवेदनों में से 58 आवेदनों का आन द स्पाट समाधान किया गया। जबकि शेष आवेदनों को शीघ्र निष्पादन का आश्वासन दिया गया। औराय में आयोजित शिविर में जहां किसी भी विभाग के एक भी पदाधिकारी उपस्थित नहीं थे।
वहीं, पदाधिकारी के अनुपस्थित रहने से आमजनों की उपस्थिति भी नाममात्र की देखी गई। जबकि विभिन्न विभागों के कर्मियों की उपस्थिति में सहयोग शिविर की खानापूर्ति किए जाने से ग्रामीणों के बीच काफी आक्रोश देखा गया।
इस दौरान एसडीएम पंकज कुमार घोष, एसडीपीओ अविनाश कुमार, डीसीएलआर सौरभ कुमार भारती, बीडीओ अमरेंद्र कुमार, सीओ विद्यानंद झा, एलईओ सह बीईओ रंजन कुमार सिन्हा, बीएओ अंशूली प्रिया, सीडीपीओ राजा प्रताप कुमार आदि उपस्थित रहे।
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