CBSE का बड़ा बदलाव, अब स्कैन कॉपी देखे बिना नहीं करा सकेंगे नंबरों की दोबारा जांच; जानिए पूरी प्रक्रिया
सीबीएसई ने 10वीं की परिणाम बाद की प्रक्रिया में बड़ा बदलाव किया है, अब छात्र सीधे अंकों के सत्यापन या पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन नहीं कर सकेंगे। नई व ...और पढ़ें

BSE ने रिजल्ट के बाद होने वाली प्रक्रिया में बड़ा बदलाव किया है। फोटो: एआई जनरेटेड
HighLights
पुनर्मूल्यांकन से पहले उत्तर पुस्तिका की स्कैन कॉपी अनिवार्य
प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाने के लिए यह बदलाव
अंक बढ़, घट या समान रह सकते हैं, संशोधित अंक अंतिम
जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। अगर आपने CBSE 10वीं बोर्ड परीक्षा 2026 दी है और रिजल्ट के बाद अपने नंबरों को लेकर कोई सवाल है, तो अब प्रक्रिया पहले जैसी नहीं रहेगी। CBSE ने रिजल्ट के बाद होने वाली प्रक्रिया में बड़ा बदलाव किया है।
अब छात्र सीधे अंकों के सत्यापन (Verification) या पुनर्मूल्यांकन (Re-evaluation) के लिए आवेदन नहीं कर पाएंगे। सबसे पहले उन्हें अपनी मूल्यांकित उत्तर पुस्तिका (Answer Sheet) की स्कैन कॉपी मंगानी होगी। कॉपी देखने के बाद ही वे तय कर सकेंगे कि नंबरों की जांच करानी है या किसी सवाल का दोबारा मूल्यांकन करवाना है।
सिर्फ ऑनलाइन ही कर सकते हैं अप्लाई
यह व्यवस्था मुख्य बोर्ड परीक्षा और दूसरी बोर्ड परीक्षा 2026, दोनों पर लागू होगी। 10वीं मुख्य परीक्षा 2026 का परिणाम 15 अप्रैल व दूसरी बोर्ड परीक्षा का परिणाम 18 जुलाई को घोषित किया गया था। इनके आवेदन केवल ऑनलाइन किए जाएंगे।
तीन चरणों में होगी पूरी प्रक्रिया
CBSE ने रिजल्ट के बाद की प्रक्रिया को तीन हिस्सों में बांटा है।
- पहला चरण: छात्र अपनी मूल्यांकित उत्तर पुस्तिका की स्कैन कॉपी प्राप्त करेंगे।
- दूसरा चरण: कॉपी देखने के बाद अगर किसी तरह की गलती नजर आती है तो अंक सत्यापन के लिए आवेदन कर सकेंगे।
- तीसरा चरण: अगर सत्यापन के बाद भी किसी सवाल के मूल्यांकन को लेकर आपत्ति रहती है, तो केवल उन्हीं सवालों के पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन किया जा सकेगा।
बोर्ड ने साफ कर दिया है कि स्कैन कॉपी लिए बिना सीधे सत्यापन या पुनर्मूल्यांकन का आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा।
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आवेदन की तारीख और फीस
- उत्तर पुस्तिका की स्कैन कॉपी के लिए आवेदन 9 अगस्त तक किए जा सकते हैं।
- इसके लिए 300 रुपये प्रति विषय शुल्क देना होगा।
- कॉपी देखने के बाद 16 से 19 अगस्त के बीच अंक सत्यापन और पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन किए जा सकेंगे।
- अंक सत्यापन की फीस 300 रुपये प्रति उत्तर पुस्तिका होगी।
- पुनर्मूल्यांकन के लिए 100 रुपये प्रति प्रश्न शुल्क देना होगा।
- दोनों सेवाएं लेने पर दोनों की फीस अलग-अलग देनी होगी।
अंक सत्यापन में क्या जांच होगी?
अंक सत्यापन के दौरान यह देखा जाएगा कि:
- किसी उत्तर का मूल्यांकन छूट तो नहीं गया।
- अंकों का जोड़ सही किया गया है या नहीं।
- अंतिम अंक दर्ज करने में कोई गलती तो नहीं हुई।
अगर इसके बाद भी छात्र संतुष्ट नहीं होता, तो वह सिर्फ चुने हुए प्रश्नों के पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन कर सकेगा।
पुनर्मूल्यांकन के बाद क्या होगा?
CBSE के मुताबिक, पुनर्मूल्यांकन के बाद अंक बढ़ भी सकते हैं, घट भी सकते हैं या पहले जैसे भी रह सकते हैं। जो संशोधित अंक होंगे, वही अंतिम माने जाएंगे।
अगर नंबरों में बदलाव होता है, तो छात्र को अपनी पुरानी मार्कशीट और प्रमाणपत्र जमा करने होंगे। इसके बाद बोर्ड नई मार्कशीट और नया प्रमाणपत्र जारी करेगा।
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