'बालिका वधू' फेम अविका गौर डेंगू की चपेट में! तेज बुखार न करें इग्नोर, ये हो सकते हैं शुरुआती लक्षण
बरसात के मौसम में बुखार को सामान्य समझना डेंगू को बुलावा दे सकता है, ऐसे में इसके शुरुआती लक्षण जानने बेहद जरूरी हैं। ...और पढ़ें

डेंगू के शुरुआती लक्षण न करें अनदेखा (Image Source: AI Generated and Milind Chandwan Instagram)

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। 'बालिका वधू' और 'ससुराल सिमर का' से सभी के दिलों में अपनी खास पहचान बनाने वाली टीवी सीरियल एक्ट्रेस अविका गौर इन दिनों डेंगू होने के वजह से सुर्खियों में बनी हुई हैं। इस बात की जानकारी उनके पति पति मिलिंद चंदवानी सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर कर दी और बताया कि एक्ट्रेस को 103-104 डिग्री बुखार है।
उन्होंने यह भी शेयर किया कि एक्ट्रेस को बुखार तो था लेकिन डेंगू के लक्षणों का पता तब चला जब उन्होंने टेस्ट कराया, इससे पहले वो अपने रोजमर्रा के शूटिंग के काम में व्यस्त थीं। ऐसे में हमें यह जानना बेहद जरूरी हो जाता है कि डेंगू के शुरुआती लक्षणों की पहचान कैसे की जाए और इससे बचाव के लिए क्या किया जा सकता है।
डेंगू कैसे फैलता है?
डेंगू एडीज एजिप्टी नामक एक मादा मच्छर के काटने से फैलता है। जब यह मच्छर डेंगू से संक्रमित व्यक्ति को काटता है तो वायरस मच्छर में प्रवेश कर जाता है। इस तरह वही मच्छर जब हेल्दी व्यक्ति को काटता है तो वह भी डेंगू से संक्रमित हो जाता है।
ये मच्छर ज्यादातर दिन के समय सक्रिय होते हैं, ऐसे में दिन में सावधानी ज्यादा बरते जाने की जरूरत है। इसके साथ ही, ध्यान देने वाली यह है कि डेंगू किसी संक्रमित व्यक्ति के छूने या संपर्क में आने से नहीं फैलता है।
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डेंगू के शुरुआती लक्षण
मॉनसून का आगमन अपने साथ बीमारियां भी लेकर आता है, इस मौसम में डेंगू के साथ ही मलेरिया और चिकनगुनिया के मामले बढ़ जाते है। आइए जानें कि डेंगू के शुरुआती लक्षणों की शुरुआती स्टेज में कैसे पहचान की जाए:
103-104 डिग्री तेज बुखार
आंखों के पीछे दर्द
तेज बदन दर्द और सिर दर्द
त्वचा पर चकत्ते पड़ना
हड्डियों, मांसपेशियों और जोड़ों में दर्द
उल्टी या जी मिचलाना
जरूरत से ज्यादा थकान
डेंगू से कैसे बचाव किया जा सकता है?
डेंगू से बचाव के लिए हमें कुछ बातों का ध्यान रखना बहुत जरूरी है :
घर में या आपसास कहीं भी खासतौर से कूलर, गमलों और छोटे टब में पानी जमा न होने दें।
बर्तनों को हमेशा ढककर रखें और हफ्ते में कम से कम एक बार साफ करें।
पूरी बाजू के कपड़े पहनें
मॉस्किटो रिपेलेंट क्रीम लगाकर रखें
मच्छरदानी लगाकर सोएं।
खिड़की और दरवाजों पर जाली लगाकर रखें।
भीड़भाड़ वाली बंद जगहों पर जाने से बचें।
बुखार आने पर बिना डॉक्टर के दवा न खाएं।
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Source: WHO