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    पेरेंट्स को है डायबिटीज, तो आपको भी है खतरा! शुगर की बीमार से बचने के लिए आज ही शुरू करें 4 काम

    Updated: Sun, 22 Mar 2026 04:13 PM (IST)

    अगर पेरेंट्स को या किसी करीबी रिश्तेदार को डायबिटीज हो, तो जेनेटिक कारणों से आप में भी टाइप-2 डायबिटीज का रिस्क बढ़ जाता है। ...और पढ़ें

    डायबिटीज से बचाव के लिए अपनाएं हेल्दी लाइफस्टाइल (Picture Courtesy: Freepik)

    डायबिटीज से बचाव के लिए अपनाएं हेल्दी लाइफस्टाइल (Picture Courtesy: Freepik)

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    जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

    संक्षेप में पढ़ें

    लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। भारत में डायबिटीज के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। इसलिए भारत को डायबिटीज कैपिटल भी कहा जाता है। इस बीमारी का एक बड़ा रिस्क फैक्टर जेनेटिक्स भी है। इसलिए अगर आपके पेरेंट्स को डायबिटीज है, तो आपको और भी ज्यादा सावधान हो जाना चाहिए। 

    पेरेंट्स के कारण बढ़ता है डायबिटीज का रिस्क?

    रिसर्च में पता चला है कि जीन इस बीमारी में बड़ी भूमिका निभाते हैं, लेकिन यहां एक ट्विस्ट है। डायबिटीज सिर्फ जीन्स का खेल नहीं है, बल्कि यह आपकी लाइफस्टाइल और पर्यावरण पर भी निर्भर करती है। अक्सर परिवारों में मोटापा और खान-पान की गलत आदतें पीढ़ी-दर-पीढ़ी चलती हैं, जिससे खतरा बढ़ जाता है, लेकिन अच्छी खबर यह है कि अपनी आदतों में सुधार करके आप टाइप-2 डायबिटीज के खतरे को कम कर सकते हैं। 

    Risk Factors of Diabetes

    वजन घटाना है जरूरी

    अमेरिकन डायबिटीज एसोसिएशन के अनुसार, अगर आप प्री-डायबिटीज की श्रेणी में हैं, तो अपने शरीर के कुल वजन का केवल 5% से 7% कम करने से भी इस बीमारी का खतरा काफी हद तक कम कर सकते हैं। इसलिए अगर आपका वजन ज्यादा है, तो 4-5 किलो वजन कम करना भी आपके लिए काफी फायदेमंद साबित हो सकता है। 

    फिजिकली एक्टिव बनें

    नियमित एक्सरसाइज वजन घटाने के साथ-साथ शरीर के लिए और भी कई तरीकों से फायदेमंद है- 

    • एक्सरसाइज आपके शरीर को इंसुलिन का बेहतर इस्तेमाल करने में मदद करती है, जिससे ब्लड शुगर लेवल नॉर्मल रहता है
    • एक्टिव रहने से मांसपेशियां खून से ग्लूकोज सोख लेती हैं, जिससे शुगर लेवल नहीं बढ़ता।
    • सप्ताह में कम से कम 150 मिनट की मीडियम एरोबिक एक्सरसाइज करें।

    फाइबर से भरपूर डाइट

    हाई कैलोरी फूड्स से परहेज करें और अपनी डाइट में साबुत अनाज, ताजे फल, हरी सब्जियां और दालें शामिल करें। ये फाइबर से भरपूर होते हैं और शरीर को जरूर विटामिन और मिनरल भी मिलता है। फाइबर शरीर में शुगर के अब्जॉर्प्शन को धीमा करता है, जिससे ब्लड शुगर एकदम से नहीं बढ़ता। यह पेट को ज्यादा देर तक भरा रखता है, जिससे आप फालतू कैलोरी खाने से बचते हैं।

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    हेल्दी फैट खाएं

    डायबिटीज से बचने के लिए फैट को पूरी तरह छोड़ने की जरूरत नहीं है, बल्कि हेल्दी फैट्स को अपनी डाइट में शामिल करें-

    • अनसैचुरेटेड फैट्स- नट्स, बीज, ऑलिव ऑयल और मछली में मिलने वाले मोनोअनसैचुरेटेड और पॉलीअनसैचुरेटेड फैट कोलेस्ट्रॉल को कम करने और दिल के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में मदद करते हैं।
    • अनहेल्दी फैट्स से बचें- प्रोसेस्ड फूड, ज्यादा तला-भुना और सैचुरेटेड फैट वाले फूड्स से दूरी बनाएं।

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