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    केयर के नाम पर कंट्रोल तो नहीं कर रहा पार्टनर? साइकोलॉजिस्ट से जानें कब प्यार बन जाता है टॉर्चर

    Updated: Fri, 22 May 2026 08:00 AM (IST)

    शादी के बाद अक्सर हम पार्टनर के कई रेड फ्लैग संकेतों को प्यार समझकर इग्नोर कर देते हैं, लेकिन आगे चलकर यही प्यार गले का फंदा बन सकता है। ...और पढ़ें

    शादी के बाद इन संकेतों को न करें नजरअंदाज (Picture Courtesy: Freepik)

    शादी के बाद इन संकेतों को न करें नजरअंदाज (Picture Courtesy: Freepik)

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    जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

    संक्षेप में पढ़ें

    लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। शादी के शुरुआती दिन परियों की कहानी जैसे लगते हैं। इस हनीमून पीरियड में हम भविष्य के सुहाने सपने बुनने में इतने खो जाते हैं कि अक्सर प्यार और पोजेसिवनेस के बीच का फर्क ही भूल जाते हैं। प्यार की आड़ में छिपे कुछ ऐसे संकेत जिन्हें हम केयर समझकर मुस्कुरा देते हैं, असल में वो एक खतरनाक तूफान की दस्तक हो सकते हैं। 

    यही छोटी-छोटी बातें आगे चलकर घुटन और गंभीर मानसिक प्रताड़ना का रूप ले लेती हैं। इसलिए प्यार के इस पर्दे के पीछे छिपे इन खतरनाक रेड फ्लैग्स को पहचाना जरूरी है? आइए सीनियर साइकोलॉजिस्ट डॉ. मोनिका शर्मा से जानते हैं उन संकेतों के बारे में, जिन्हें भूलकर भी अनदेखा नहीं करना चाहिए।

    कंट्रोल करने की कोशिश 

    शुरुआत में जो चीज परवाह या केयर जैसी लगती है, वह असल में नियंत्रण की कोशिश हो सकती है। आपके फोन, मैसेज, सोशल मीडिया अकाउंट्स की चेकिंग करना, दोस्तों या परिवार से बात करने पर नजर रखना या कहीं भी जाने के लिए इजाजत मांगने और लोकेशन ट्रैक करने पर मजबूर करना इसके शुरुआती लक्षण हैं।

    गुस्सा और गैसलाइटिंग 

    छोटी-छोटी बातों पर चिल्लाना, चीजें फेंकना, दीवार पर हाथ मारना या धमकियां देना आगे चलकर बड़े इमोशनल या फिजिकल टॉर्चर में बदल सकता है। इसके साथ ही, गैसलाइटिंग एक खतरनाक हथियार है, जिसमें आपको बार-बार यह एहसास कराया जाता है कि तुम गलत सोच रहे हो, तुम पागल हो रहे हो या यह सब तुम्हारी ही गलती है। इससे इंसान खुद अपनी याददाश्त और सच्चाई पर शक करने लगता है।

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    अपनों से दूरी और इमोशनल ब्लैकमेल 

    तुम्हें किसी और की क्या जरूरत, मैं ही तुम्हारे लिए काफी हूं, ऐसी बातें कहकर आपको आपके माता-पिता, दोस्तों या सहकर्मियों से मिलने से रोकना। आपके करीबियों की बुराई करना, ताकि आप उनसे दूर हो जाएं और पूरी तरह अकेले पड़ जाएं। इसके अलावा, अपनी बात मनवाने के लिए अगर तुमने ऐसा किया, तो मैं जान दे दूंगा जैसी धमकियां देना या रोकर नाटक करना ये सब इमोशनल ब्लैकमेलिंग कहलाते हैं।

    फाइनेंशियल कंट्रोल और लगातार अपमान

    आपकी सैलरी, खर्चों या प्रॉपर्टीज पर पूरा हक जमा लेना, हर छोटे खर्च के लिए पैसे मांगना और सवाल-जवाब करना आर्थिक शोषण की शुरुआत है। वहीं दूसरी तरफ, आपकी शक्ल-सूरत, करियर, खाना बनाने या घर संभालने के तरीकों पर लगातार ताने मारना और ये कहना कि मैं तो तुम्हें सुधारने के लिए कह रहा हूं, आपके आत्मविश्वास को पूरी तरह तोड़ देता है।

    ये भी हैं रेड फ्लैग्स

    • लव बॉम्बिंग और अचानक बेरुखी- शादी के तुरंत बाद हद से ज्यादा प्यार और गिफ्ट्स देना और फिर अचानक बिना वजह नजरअंदाज या क्रिटिसाइज करना।
    • कंसेंट न लेना- शारीरिक संबंधों के लिए दबाव बनाना या भावनात्मक रूप से मजबूर करना और ना को स्वीकार न करना।
    • जिम्मेदारी से भागना- हर समस्या के लिए आपको जिम्मेदार ठहराना, कभी माफी न मांगना और हमेशा खुद को पीड़ित दिखाना
    • परिवार का अपमान- आपके माता-पिता या भाई-बहनों का अपमान करना या उनके सामने आपको नीचा दिखाना।

    अगर ये संकेत दिखें, तो क्या करें?

    ये संकेत शादी के शुरुआती महीनों में अकेले या एक साथ दिखाई दे सकते हैं। इन्हें कभी भी नजरअंदाज न करें, क्योंकि समय के साथ यह व्यवहार सुधरने के बजाय और बिगड़ता जाता है। ऐसी स्थिति में तुरंत किसी भरोसेमंद  काउंसलर या थेरेपिस्ट से बात करें। अपने परिवार और दोस्तों से दूरी न बनाएं और उनसे संपर्क बनाए रखें। 

    अगर जरूरत पड़े, तो कानूनी सलाह लेने से भी न हिचकिचाएं। भारत में भावनात्मक और मानसिक प्रताड़ना डोमेस्टिक वॉयलेंस एक्ट के तहत कवर होती है।