जानकारी के अनुसार संत बाबा प्रेम सिंह जी की सालाना बरसी के उपलक्ष्य में बेगोवाल में 1, 2 और 3 जून तक विशाल मेला आयोजित किया जा रहा है। हर वर्ष की तरह इस बार भी मेले में मनोरंजन के लिए बड़े-बड़े झूले लगाए गए हैं। रविवार रात मेले में भारी भीड़ मौजूद थी और लोग झूलों का आनंद ले रहे थे। इसी दौरान चल रहा बड़ा हिंडोला झूला अचानक बीच हवा में जाकर रुक गया।
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झूले के रुकते ही चीखने लगे लोग
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार झूला रुकते ही उसमें बैठे लोगों में चीख-पुकार मच गई। कई बच्चे डर के कारण रोने लगे, जबकि महिलाएं मदद के लिए आवाजें लगाने लगीं। नीचे खड़े परिजन भी बुरी तरह घबरा गए। कुछ लोगों ने झूले के नीचे भीड़ जमा कर ली और पूरे मेले में हड़कंप जैसा माहौल बन गया।
सूचना मिलते ही झूला संचालकों और मेले के आयोजकों ने मौके पर पहुंचकर तकनीकी खराबी को ठीक करने की कोशिश शुरू की। करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद झूले को दोबारा नियंत्रित किया गया और उसमें फंसे सभी लोगों को सुरक्षित नीचे उतार लिया गया। राहत की बात यह रही कि इस घटना में कोई जानी नुकसान नहीं हुआ।
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प्रशासन पर उठे सवाल
घटना के बाद मेले में आए लोगों में डर और नाराजगी दोनों देखने को मिली। कई लोगों ने आरोप लगाया कि मेले में लगाए गए झूलों की सुरक्षा जांच ठीक तरीके से नहीं की जाती। लोगों ने प्रशासन से मांग की कि मेले में लगे सभी झूलों और मशीनों की तकनीकी जांच करवाई जाए ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके।
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स्थानीय लोगों का कहना है कि मेले में हर साल हजारों की संख्या में लोग पहुंचते हैं। ऐसे में सुरक्षा व्यवस्था और उपकरणों की नियमित जांच बेहद जरूरी है। घटना के बाद कुछ समय तक मेले में माहौल तनावपूर्ण बना रहा, हालांकि बाद में स्थिति सामान्य हो गई।