जून में शुक्र और शनि प्रदोष व्रत का दुर्लभ महासंयोग! डायरी में अभी नोट करें डेट और पूजा टाइम
जून माह में पड़ने वाले प्रदोष व्रत की तिथियां और शुभ मुहूर्त बताए गए हैं। इसमें 12 जून को शुक्र प्रदोष व्रत और 27 जून को शनि प्रदोष व्रत का उल्लेख है, ...और पढ़ें

कैसे करें महादेव को प्रसन्न? (Picture Credit- AI Generated)

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
धर्म डेस्क, नई दिल्ली। हर माह में 2 बार प्रदोष व्रत किया जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इस दिन महादेव की साधना और व्रत करने से साधक को सभी भय से छुटकारा मिलता है और जीवन के सभी दुख-दर्द दूर होते हैं। इस दिन भगवान शिव की पूजा-अर्चना प्रदोष काल में करने का विधान है। अब जल्द ही जून का महीना शुरू होने वाला है। ऐसे में आइए इस आर्टिकल में आपके बताते हैं इस माह में कब-कब है प्रदोष व्रत।
जून में कब-कब है प्रदोष व्रत?
वैदिक पंचांग के अनुसार, 12 जून को शुक्र प्रदोष व्रत और 27 जून को शनि प्रदोष व्रत है।
शुक्र प्रदोष व्रत 2026 डेट और शुभ मुहूर्त (Shukra Pradosh Vrat 2026 Date and Shubh Muhurat)
वैदिक पंचांग के अनुसार, ज्येष्ठ माह के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि की शुरुआत 12 जून को रात 07 बजकर 36 मिनट पर होगी। वहीं, इस तिथि का समापन 13 जून को शाम 04 बजकर 07 मिनट पर होगा। ऐसे में 12 जून को शुक्र प्रदोष व्रत किया जाएगा। इस दिन महादेव की पूजा करने का समय शाम को 07 बजकर 36 मिनट से 09 बजकर 20 मिनट तक है।
-1779875063805.jpg)
शनि प्रदोष व्रत 2026 डेट और शुभ मुहूर्त (Shani Pradosh Vrat 2026 Date and Shubh Muhurat)
ज्येष्ठ माह के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि की शुरुआत- 26 जून को रात 10 बजकर 22 मिनट पर
ज्येष्ठ माह के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि का समापन- 28 जून को रात 12 बजकर 43 मिनट पर
शिव पूजन का समय- शाम को 07 बजकर 23 मिनट से 09 बजकर 23 मिनट तक
इन बातों का रखें ध्यान
- प्रदोष व्रत के दिन भूलकर भी लहसुन, प्याज, मांस या मदिरा का सेवन नहीं करना चाहिए।
- प्रदोष व्रत के दिन प्रदोष काल में ही महादेव की पूजा-अर्चना करना शुभ माना जाता है।
- विशेष चीजों के द्वारा शिवलिंग का अभिषेक करना चाहिए।
- व्रती को दिन में भी सोने से बचना चाहिए
- पूजा के दौरान व्रत कथा का पाठ और मंत्रों का जप करना चाहिए।
- मंदिर या गरीब लोगों में अन्न-धन समेत आदि चीजों का दान जरूर करें।
- व्रत के दौरान मन में नकारात्मक विचार नहीं लाने चाहिए।
- इस दिन काले रंग के कपड़े भूलकर भी नहीं पहनने चाहिए। इससे नकारात्मकता आती है।
- इसके अलावा किसी से वाद-विवाद न करें।
यह भी पढ़ें- धन लाभ और शत्रुओं के नाश का अचूक उपाय, गुरु प्रदोष पर सिर्फ 1 बार पढ़ें 'शिव तांडव स्तोत्र'
खबरें और भी
यह भी पढ़ें- क्या आप भी कर रहे हैं प्रदोष व्रत की पूजा में ये गलतियां? नहीं मिलेगा पूरा फल
अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए उपाय/लाभ/सलाह और कथन केवल सामान्य सूचना के लिए हैं। दैनिक जागरण यहां इस लेख फीचर में लिखी गई बातों का समर्थन नहीं करता है। इस लेख में निहित जानकारी विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/मान्यताओं/धर्मग्रंथों/दंतकथाओं से संग्रहित की गई हैं। पाठकों से अनुरोध है कि लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें। दैनिक जागरण अंधविश्वास के खिलाफ है।