Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    राजा महेंद्र प्रताप सिंह विवि: CCTV कैमरे, कैंपस-वाइड Wi-Fi; 6 करोड़ की लागत से अत्याधुनिक डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर

    Updated: Mon, 03 Aug 2026 03:24 PM (IST)

    राजा महेंद्र प्रताप सिंह विश्वविद्यालय (आरएमपीएसयू) अलीगढ़ को 6 करोड़ रुपये की लागत से स्मार्ट और डिजिटल कैंपस बनाया जाएगा। इस परियोजना में सीसीटीवी क ...और पढ़ें

    राजा महेंद्र प्रताप सिंह विश्वविद्यालय। आरएमपीएसयू अलीगढ़ छह करोड़ से बनेगा हाईटेक डिजिटल कैंपस

    राजा महेंद्र प्रताप सिंह विश्वविद्यालय। आरएमपीएसयू अलीगढ़ छह करोड़ से बनेगा हाईटेक डिजिटल कैंपस

    HighLights

    1. आरएमपीएसयू 6 करोड़ से बनेगा स्मार्ट डिजिटल कैंपस।

    2. कैंपस में सीसीटीवी, वाई-फाई, डिजिटल लाइब्रेरी सुविधा।

    3. नवाचार, कौशल विकास केंद्र भी स्थापित होंगे।

    विनोद भारती, अलीगढ़। राजा महेंद्र प्रताप सिंह विश्वविद्यालय (आरएमपीएसयू) अब तेजी से स्मार्ट और डिजिटल कैंपस की दिशा में कदम बढ़ा रहा है। वित्त समिति की स्वीकृति के बाद अब पूरे कैंपस में डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार किया जाएगा। कैंपस के समस्त प्रमुख स्थानों पर अत्याधुनिक सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। इन कैमरों के माध्यम से पूरे कैंपस की चौबीसों घंटे निगरानी संभव होगी।

    छात्रों और शिक्षकों को निर्बाध इंटरनेट सुविधा उपलब्ध कराने के लिए कैंपस वाइड नेटवर्क (वाई-फाई) स्थापित किया जाएगा। डिजिटल लाइब्रेरी, शोध कार्य, ई-लर्निंग और अन्य शैक्षणिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी। पूरी योजना पर कुल छह करोड़ रुपये का खर्च प्रस्तावित किया गया है।

    51 स्नातक एवं परास्नातक पाठ्यक्रमों का कैंपस में संचालन

    चौथे शैक्षणिक सत्र में प्रवेश कर चुके आरएमपीएसयू कैंपस में स्नातक एवं परास्नातक के कुल 51 पाठ्यक्रम संचालित हो रहे हैं। 17 सौ से अधिक छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। दूर-दराज के विद्यार्थियों के लिए छात्रावास के लिए आवेदन शुरू हो गए हैं। प्रबंधन के अनुसार, विद्यार्थियों की लगातार बढ़ती संख्या और शिक्षा के बदलते स्वरूप को देखते हुए डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर की आवश्यकता है।

    राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के तहत भी तकनीक आधारित शिक्षण, ऑनलाइन मूल्यांकन, वर्चुअल कक्षाएं और डिजिटल शोध संसाधनों पर विशेष जोर दिया जा रहा है। ऐसे में हाई-स्पीड नेटवर्क, मजबूत सर्वर प्रणाली और सुरक्षित डिजिटल वातावरण के बिना गुणवत्तापूर्ण शिक्षा संभव नहीं है।

    खबरें और भी

    डिजिटल सुरक्षा के लिए कदम-कदम पर सीसीटीवी कैमरे

    डिजिटल लाइब्रेरी के माध्यम से विद्यार्थी देश-विदेश के शोध पत्र, ई-बुक्स और ऑनलाइन जर्नल तक आसानी से पहुंच सकेंगे। वहीं, सीसीटीवी आधारित निगरानी व्यवस्था से परिसर की सुरक्षा मजबूत होगी और अनुशासन बनाए रखने में मदद मिलेगी। भविष्य में स्मार्ट क्लासरूम, आनलाइन प्रशासनिक सेवाएं, ई-आफिस और डिजिटल परीक्षा प्रणाली जैसी सुविधाओं के संचालन के लिए भी यह इंफ्रास्ट्रक्चर आधार तैयार करेगा।

    हाई-स्पीड इंटरनेट व सर्वर लेन नेटवर्क से ई-लर्निंग को मिलेगी गति

    इसके लिए अत्याधुनिक सर्वर और लोकल एरिया नेटवर्क (लैन) विकसित किए जाएंगे। इससे परीक्षा संचालन, छात्र अभिलेख, ऑनलाइन आवेदन, परिणाम, वित्तीय कार्य और कार्यालयी प्रक्रियाएं अधिक सुरक्षित, तेज और पारदर्शी बन सकेंगी। भविष्य में बढ़ने वाली डिजिटल सेवाओं को देखते हुए नेटवर्किंग व्यवस्था को भी मजबूत किया जाएगा।

    यह भी पढ़ें- 16 अगस्त के बाद ये उपभोक्ता नहीं ले पाएंगे एलपीजी सिलिंडर, गैस कंपनियों ने किया अलर्ट

    20 लाख से इनोवेशन एवं इन्क्यूबेशन सेंटर

    विश्वविद्यालय में नवाचार की संस्कृति विकसित करने के लिए 20 लाख रुपये की लागत से इनोवेशन एवं इन्क्यूबेशन सेंटर स्थापित किया जाएगा। यह केंद्र विद्यार्थियों के नए विचारों को तकनीकी और व्यावसायिक रूप देने में मदद करेगा तथा स्टार्टअप और शोध गतिविधियों को बढ़ावा देगा।

    यह भी पढ़ें- यूपी में 5 से 18 अगस्त तक मिलेगा मुफ्त राशन: अंत्योदय कार्डधारकों को 35 KG, पात्र गृहस्थी को 5 किलो/यूनिट

    रोजगार प्रशिक्षण व उद्यमिता विकास

    विश्वविद्यालय में 20 लाख रुपये की लागत से कौशल विकास एवं उद्यमिता केंद्र भी बनाया जाएगा। यहां विद्यार्थियों को रोजगारपरक प्रशिक्षण, उद्यमिता विकास और उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप कौशल विकसित करने का अवसर मिलेगा। इसका उद्देश्य डिग्री के साथ-साथ युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के लिए भी तैयार करना है।

    आरएमपीएसयू का डिजिटल ढांचा और मजबूत होगा। आधुनिक तकनीक, सुरक्षित परिसर, तेज इंटरनेट और नवाचार आधारित सुविधाओं के साथ विश्वविद्यालय उच्च शिक्षा के क्षेत्र में नई पहचान बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बढ़ाएगा।

    -

    प्रो. एनबी सिंह, कुलपति।