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    कालेज में गणपति जी की मूर्ति पर फटकार, घर में सन्नाटा… कानपुर छात्रा आत्महत्या केस का दर्दनाक सच

    Updated: Wed, 14 Jan 2026 03:33 PM (IST)

    कानपुर में नौवीं की छात्रा संस्कृति की आत्महत्या मामले में दो शिक्षिकाओं मांडवी शुक्ला और अंकिता के खिलाफ मानसिक उत्पीड़न और आत्महत्या के लिए उकसाने क ...और पढ़ें

    पुलिस आयुक्त कार्यालय में अधिवक्ता के साथ संस्कृति के पिता मुकुल आनंद और उसकी मां साधना। स्वयं

    पुलिस आयुक्त कार्यालय में अधिवक्ता के साथ संस्कृति के पिता मुकुल आनंद और उसकी मां साधना। स्वयं 

    HighLights

    1. नौवीं की छात्रा ने ट्रेन के आगे कूदकर जान दी

    2. शिक्षिकाओं की फटकार से आहत होकर आत्महत्या की

    3. कोर्ट के आदेश पर दो शिक्षिकाओं पर केस दर्ज

    जागरण संवाददाता, कानपुर। कानपुर के काकादेव में नौवीं की छात्रा के ट्रेन के आगे कूदकर जान देने के मामले में कोर्ट ने कार्रवाई का आदेश दिया है। दो शिक्षिकाओं पर मानसिक उत्पीड़न व आत्महत्या के लिए उकसाने का मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने कोर्ट के आदेश के बाद स्वजन की तहरीर पर शिक्षिकाओं के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है।

    केशवपुरम कल्याणपुर में रहने वाले प्राइवेट कर्मी मुकुल आनंद की 13 वर्षीय इकलौती बेटी संस्कृति जवाहरनगर स्थित ओंकारेश्वर सरस्वती विद्या निकेतन इंटर कालेज में कक्षा नौ की छात्रा थी। 15 सितंबर 2024 को संस्कृति भगवान गणेश की मूर्ति लेकर कालेज चली गई थी।

    आरोप है कि शिक्षिका ने उसे डांटा और मां को बुलाने के बाद ही घर जाने देने को कहा। कालेज से फोन करके मां साधना को बुलवाया गया। साधना के कालेज पहुंचने के बाद शिक्षिका मांडवी शुक्ला और अंकिता ने संस्कृति को डांटा। इससे आहत होकर कालेज से घर लौटते वक्त संस्कृति ने ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या कर ली थी। 

    घर की इकलौती बेटी होने की वजह से मां ने इंसाफ की लड़ाई नहीं छोड़ी। संस्कृति की मां का आरोप है कि पुलिस के आश्वासन दिए जाने के बाद भी शिक्षिकाओं पर कार्रवाई नहीं की गई। कैमरों की फुटेज में छेड़छाड़ कर साक्ष्यों को खत्म कर दिया गया। उन्होंने आरोपित शिक्षिकाओं पर कार्रवाई के लिए पुलिस आयुक्त से लेकर आइजीआरएस पर शिकायत की, लेकिन इसके बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई तो कोर्ट की शरण ली।

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    न्यायिक मजिस्ट्रेट सिद्धार्थ शेखर सिंह ने सुनवाई के बाद मंगलवार को मुकदमा दर्ज करने का आदेश किया। थानाप्रभारी ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर आरोपित शिक्षिकाओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। जांच कर कार्रवाई की जाएगी।

    वहीं, ओंकारेश्वर ग्रुप आफ इंस्टीट्यूशंस के वरिष्ठ संरक्षक डा. अंगद सिंह ने बताया कि न्यायालय के आदेश की जानकारी नहीं है। बुधवार को आदेश के बारे में जानकारी करके ही सही बयान दे सकेंगे।

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