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    लखनऊ में विवाहित ओला ड्राइवर को हो गया सवारी से प्यार, सात महीने के अफेयर के बाद की पत्नी की हत्या

    Updated: Mon, 03 Aug 2026 07:41 PM (GMT+05:30)

    Lucknow Crime:  पति उमेंद्र प्रताप ने प्रेम प्रसंग में बाधा बन रही अंजलि को मार कर नदी में फेंका था। हैरानी की बात कि उमेंद्र ने ही उसके लापता होने की ...और पढ़ें

    पुलिस की गिरफ्त में उमेंद्र और आरती, इनसेट-अंजलि

    पुलिस की गिरफ्त में उमेंद्र और आरती, इनसेट-अंजलि

    HighLights

    1. प्रेमिका को पत्नी के दस लाख के आभूषण देकर दर्ज कराई थी गुमशुदगी की रिपोर्ट

    2. अवैध संबंध के विरोध करने पर ओला ड्राइवर ने हत्या के बाद फेंका था पत्नी का शव

    3. गुमशुदगी दर्ज कराने के बाद खुद ही पत्नी की पहचान करने पहुंचा था आरोपित

    4. मड़ियांव निवासी प्रेमिका समेत दोनों गिरफ्तार, अन्य तीन आरोपितों की तलाश जारी

    डिजिटल डेस्क, लखनऊ। लखनऊ में ओला ड्राइवर उमेंद्र ने प्रेमिका आरती के साथ मिलकर पत्नी अंजलि की हत्या कर शव गोमती नदी में फेंक दिया। आरोपी ने दस लाख के जेवर प्रेमिका को देकर पत्नी अंजलि की गुमशुदगी की झूठी रिपोर्ट दर्ज कराई। गोमती नदी में अंजलि का शव मिलने के मामले का पुलिस ने पुलिस ने सर्विलांस की मदद से दोनों को गिरफ्तार कर कार व जेवर बरामद किया।

    रहीमाबाद के सहिजना में गोमती नदी से बरामद विवाहिता अंजलि के शव मिलने के मामले का पुलिस ने प्रकरण में दूध का दूध और पानी का पानी कर दिया है। आरोपित पति उमेंद्र प्रताप ने प्रेम प्रसंग में बाधा बन रही अंजलि को मार कर नदी में फेंका था। हैरानी की बात कि उमेंद्र ने ही उसके लापता होने की रिपोर्ट दर्ज कराई और अगले दिन शव की पहचान करने भी पहुंचा था।

    पुलिस ने उमेंद्र और उसकी प्रेमिका मड़ियांव निवासी आरती वर्मा को गिरफ्तार कर लिया है। उन्नाव के सोनिक गांव की अंजलि सिंह 30 जुलाई की रात संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गई थीं। उमेंद्र ने 31 जुलाई को रहीमाबाद थाने में पत्नी की गुमशुदगी दर्ज कराई। इसके बाद शाम को इटौंजा में गोमती नदी से शव बरामद हुआ। केजीएमयू मोर्चरी पहुंचकर उमेंद्र ने शव की शिनाख्त की और फरार हो गया।

    उमेंद्र के आरती से अवैध संबंध

    अंजलि के भाई पुष्पेंद्र प्रताप ने एफआईआर में आरोप लगाया था कि उमेंद्र के आरती से अवैध संबंध थे, जिसका अंजलि विरोध करती थी। इसी कारण उसने आरती और साथियों के साथ मिलकर अंजलि की हत्या कर दी। पुलिस ने सीडीआर खंगाली और लोकेशन ट्रेस कर दोनों को गिरफ्तार कर लिया। घटना में प्रयुक्त स्विफ्ट डिजायर कार, दो मोबाइल फोन और दस लाख के जेवर बरामद किए गए हैं।

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    तीन अन्य आरोपितों की जल्द गिरफ्तारी

    इंस्पेक्टर अरुण कुमार त्रिगुनायक ने बताया कि सीसी फुटेज और फोरेंसिक साक्ष्यों के आधार पर जांच की जा रही है। हत्याकांड में शामिल अन्य तीन आरोपितों की जल्द गिरफ्तारी की जाएगी। अंजलि कला वर्ग से स्नातक थी और वह पढ़ाई जारी रखना चाहती थी, लेकिन शादी के बाद पढ़ाई छूट गई। अंजलि का सात वर्षीय बेटा पीयूष अब अपनी नानी के साथ उन्नाव चला गया है।

    उबर चलाते समय हुई थी आरती से मुलाकात

    पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि उमेंद्र दो वर्ष से लखनऊ में रहकर उबर की गाड़ी चलाता था। इसी दौरान उसकी मुलाकात आरती वर्मा से हुई थी। आरती का अपनी मां से विवाद था, इसलिए वह अलग किराये के मकान में 12 वर्षीय बेटे के साथ रहती थी। उसका 2018 में तलाक हो चुका है।

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