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    UP Board Exam Tips 2026 : इंटर की संस्कृत परीक्षा में व्याकरण और पाठों की पुनरावृत्ति से पाएं शत-प्रतिशत अंक

    By Amlendu Tripathi Edited By: Brijesh Srivastava
    Updated: Sat, 31 Jan 2026 05:02 PM (IST)

    UP Board Exam Tips 2026 इंटरमीडिएट संस्कृत परीक्षा में अच्छे अंक पाने के लिए भाषा की शुद्धता और स्पष्ट लेखन जरूरी है। व्याकरण पर ध्यान दें और सूक्तियो ...और पढ़ें

    UP Board Exam Tips 2026 : यूपी बोर्ड की इंटरमीडिएट संस्कृत परीक्षा में  विद्यार्थियों को ये टिप्स शत-प्रतिशत अंक दिलाएंगे।

    UP Board Exam Tips 2026 : यूपी बोर्ड की इंटरमीडिएट संस्कृत परीक्षा में विद्यार्थियों को ये टिप्स शत-प्रतिशत अंक दिलाएंगे।

    HighLights

    1. इंटर मीडिएट में संस्कृत विषय में भाषा की शुद्धता महत्वपूर्ण

    2. सूक्तियों का समुचित प्रयोग करने के साथ भाव-व्यंजना समझें

    3. जीजीआइसी कटरा की संस्कृत प्रवक्ता डाॅ. वंदना मिश्रा ने दिया गुरुमंत्र

    जागरण संवाददाता, प्रयागराज। UP Board Exam Tips 2026 माध्यमिक शिक्षा परिषद की संस्कृत विषय की इंटरमीडिएट परीक्षा में भाषा की शुद्धता, प्रभावी एवं स्पष्ट लेखन महत्वपूर्ण होता है। सूक्तियों का समुचित प्रयोग, भाव व्यंजना को समझा जाए और व्याकरण पर पकड़ अच्छी हो तो शत-प्रतिशत अंक प्राप्त किया जा सकते हैं। समय-समय पर पुनर्भ्यास जरूरी है। पिछले वर्ष के प्रश्नपत्रों को भी लिखकर हल करने का प्रयास करना चाहिए।

    पिछले 10 वर्ष के प्रश्नपत्र लिखकर विद्यार्थी हल करें

    UP Board Exam Tips 2026 जीजीआइसी कटरा की संस्कृत विषय की प्रवक्ता डाॅ. वंदना मिश्रा कहती हैं कि पिछले 10 वर्ष के प्रश्नपत्र यदि लिखकर विद्यार्थी हल कर लें तो बहुत कुछ अपने आप तैयार हो जाएगा।चिंतन के साथ लेखन की शैली व शुद्धता पर भी ध्यान देना आवश्यक है। संपूर्ण प्रश्नपत्र चार खंडों में विभक्त रहेगा।

    do. vandana mishra

    इन महत्वपूर्ण प्रश्नों पर अवश्य दें

    UP Board Exam Tips 2026 प्रथम खंड में कादंबरी कथा के तहत चन्द्रापीठ कथा, जिसके प्रणेता महाकवि बाणभट्ट हैं। इस पुस्तक के उत्तरार्ध भाग से गद्य खंड आधारित प्रश्न आएंगे। इसके उत्तर गद्य खंड से ही देने होंगे। इसी पुस्तक से महत्वपूर्ण पात्रों का चरित्र चित्रण तैयार करने में बिंदुवार तैयारी लाभप्रद होगी। महाकवि बाणभट्ट पर आधारित जैसे जीवन परिचय, गद्य शैली पर ध्यान देना चाहिए। द्वितीय खंड में रघुवंश के द्वितीय सर्ग पर आधारित श्लोकों की व्याख्या, कालिदास पर आधारित महत्वपूर्ण प्रश्नों पर ध्यान देना अनिवार्य है।

    श्लोकों और सूक्तियों की व्याख्या पर दें ध्यान

    UP Board Exam Tips 2026 इंटरमीडिएट के संस्कृत विषय के प्रश्नपत्र में तृतीय खंड में अभिज्ञान शाकुंतलम् के चतुर्थ अंक का जिसके प्रणेता भी महाकवि कालिदास हैं, श्लोकों की व्याख्या, सूक्तियों की व्याख्या, महाकवि कालिदास पर आधारित प्रश्नों पर भी ध्यान देना जरूरी है। इसके अतिरिक्त व्याकरण भाग में पाठ्यक्रम आधारित निबंध लेखन, अलंकार अनुवाद, विभक्ति निर्देश समास, संधियां, धातु व शब्द रूपों का, उपसर्ग, प्रत्यय एवं वाच्य परिवर्तन का बार बार अभ्यास करना अनिवार्य है।

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    श्लोक का प्रयोग करते हुए लिखें

    - समय प्रबंध का विशेष ध्यान दें।
    - भाषा शैली एवं लेखन प्रभावी बनाएं।
    - व्याकरण भाग की तैयारी पर ध्यान देते हुए निरंतर अभ्यास करें।

    - हिंदी व संस्कृत व्याख्या करते समय संदर्भ व प्रसंग को विशेष भाषा शैली के साथ लिखें।

    - पाठ्यक्रम आधारित ग्रंथों के प्रणेता व निबंध लेखन में उदाहरण के अंतर्गत संबंधित श्लोक का प्रयोग करें।
    - परीक्षा में क्रमवार प्रश्नों को हल करने का प्रयास करें।
    - ग्रंथों से संबंधित प्रमुख पात्रों का चरित्र चित्रण बिंदुवार शीर्षक के साथ व बीच-बीच में श्लोक का प्रयोग करते हुए लिखा जाए तो अच्छा रहेगा।

    इन महत्वपूर्ण बिंदुओं को भी जानें

    - संपूर्ण प्रश्न पत्र में छात्र यदि व्याकरण भाग को शत प्रतिशत हल कर लेते हैं तो लाभप्रद होगा।
    - परीक्षा के दौरान तनाव न लें, नींद भरपूर लें।
    - याद किए गए प्रश्नों के उत्तरों को बार बार लिखकर अभ्यास करें।
    - परीक्षा के समय सिर्फ काले व नीले रंग के पेन का प्रयोग करें।
    - महत्वपूर्ण बिंदुओं को काले पेन से रेखांकन अवश्य करें।
    - विसर्ग, हलंत, अनुस्वार इत्यादि चिह्नों का प्रयोग समुचित ढंग से करें।
    - केवल क्वेश्चन बैंक का सहारा न लेते हुए पाठ्यपुस्तक के जरिए तैयारी करें।

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