चमोली के शुभम शाह और स्नेहिल आगरी बने राज्य कर अधिकारी, पहले ही प्रयास में PSC परीक्षा में पाई सफलता
उत्तराखंड लोक सेवा आयोग की परीक्षा 2024 में चमोली के शुभम शाह और स्नेहिल आगरी ने राज्य कर अधिकारी के पद पर सफलता हासिल की है। दोनों युवाओं ने अपने पहल ...और पढ़ें

चमोली जनपद के शुभम और स्नेहिल राज्य कर अधिकारी बने।

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संवाद सहयोगी, गोपेश्वर। उत्तराखंड लोक सेवा आयोग की ओर से उत्तराखंड सम्मिलित राज्य सिविल, प्रवर अधीनस्थ सेवा परीक्षा 2024 का अंतिम चयन परिणाम घोषित किया गया है। परीक्षा में जनपद चमोली के दो युवाओं ने राज्य कर अधिकारी के पद पर सफलता हासिल की है।
इनमें मलारी के शुभम शाह और रामणी निवासी स्नेहिल आगरी शामिल हैं। खास बात यह है कि दोनों ही युवाओं ने अपने पहले ही प्रयास में सफलता हासिल की है।
विकासखंड ज्योतिर्मठ के ग्राम मलारी और हाल निवासी देवली बगड़ के शुभम शाह ने उत्तराखंड के वित्त विभाग में राज्य कर अधिकारी के पद पर सफलता पाई है।
शुभम ने अपनी इस सफलता का श्रेय माता राजेश्वरी शाह और पिता हरीश शाह को दिया। हरीश शाह वन क्षेत्राधिकारी पद पर वन विभाग में कार्यरत हैं।
शुभम ने प्रतिष्ठित संस्थान भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान भिलाई से कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग में स्नातक (बीटेक) की उपाधि प्राप्त की है। अपनी मेधा के बल पर वह मुख्यमंत्री मेधावी छात्र पुरस्कार-2023 से सम्मानित हो चुके हैं।
भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान भिलाई से पढ़ाई के दौरान ही उनका कैंपस प्लेसमेंट एक प्रतिष्ठित एयरलाइन कंपनी में 17 लाख रुपये वार्षिक के पैकेज पर साफ्टवेयर डेवलपमेंट इंजीनियर के पद पर हुआ था, लेकिन कारपोरेट क्षेत्र के इस आकर्षक अवसर को छोड़, उन्होंने प्रशासनिक सेवा के माध्यम से राज्य की उन्नति और लोक-सेवा में सक्रिय भूमिका निभाने का दृढ़ संकल्प लिया।
उन्होंने पहले ही प्रयास में 'उत्तराखंड सम्मिलित राज्य सिविल प्रवर अधीनस्थ सेवा परीक्षा-2024' (अपर पीसीएस) को पास कर परिवार का नाम रोशन किया है। शुभम शाह का कहना है कि सफलता के लिए उचित मार्गदर्शन के साथ सही दिशा में मेहनत करने की जरूरत है।
तैयारी के दौरान मोबाइल से दूर रहना जरूरी: स्नेहिल
विकासखंड नंदानगर के दुरस्त गांव रामणी निवासी स्नेहिल आगरी ने भी अपने पहले ही प्रयास में सफलता हासिल कर उत्तराखंड पीसीएस परीक्षा को पास किया है।
उन्हें राजकीय कर अधिकारी के रूप में नियुक्ति मिली है। नंदानगर के रामणी निवासी स्नेहिल आगरी की मां शकुंतला आगरी गृहणी व पिता राकेश कुमार उर्जा निगम में अधीक्षण अभियंता पद पर कार्यरत हैं। स्नेहिल आगरी ने का परिवार वर्तमान में देहरादून में रहता है। स्नेहिल ने एसजीआरआर से स्नातक व डीएबी कालेज देहरादून से एमए किया है।
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स्नेहिल आगरी का कहना है कि सफलता के लिए एकाग्रता, उचित मार्ग दर्शन की आवश्यकता है। वह इस उपलब्धि का श्रेय मां-पिता को देते हैं। उनका कहना है कि तैयारी के दौरान पढ़ाई पर ही ध्यान देना होगा, मोबाइल से दूर रहना आवश्यक है।