लेंसकार्ट विवाद: हिजाब को मंजूरी, बिंदी-तिलक पर चुप्पी; देहरादून में हिंदू संगठनों का विरोध
लेंसकार्ट की ड्रेस कोड नीति को लेकर विवाद गहरा गया है, जिसमें हिजाब की अनुमति है लेकिन बिंदी, तिलक जैसे हिंदू प्रतीकों का उल्लेख नहीं है। ...और पढ़ें

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जागरण संवाददाता, देहरादून। लैंसकार्ट की ड्रेस कोड नीति को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है।
हिंदू रक्षा दल के कार्यकर्ताओं ने लैंसकार्ट के विभिन्न स्टोर पर पहुंचकर आक्रोश जताया। इस दौरान सभी स्टोर के बाहर भगवा ध्वज लगाए।
कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि इसमें कहीं भी विवाद से जुड़ा मामला नजर आया तो स्टोर में जाकर पाठ करेंगे।
गुरुवार को कार्यकताओं ने इंदिरा नगर और निरंजनपुर समेत विभिन्न स्टोर पर जाकर नाराजगी जाहिर की। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने स्टोर के बाहर भगवा ध्वज लगाया।
महानगर अध्यक्ष सागर ठाकुर ने कहा कि यह भारत है। यहां तिलक, कलावा और बिंदी का सम्मान होना चाहिए।
कंपनी ने इन पर रोक लगाने की कोशिश की तो इसे सहन नहीं किया जाएगा। किसी भी कंपनी में सनातन धर्म के प्रतीकों का अपमान हुआ तो जमकर विरोध किया जाएगा।
वहीं, संगठन के अध्यक्ष ललित शर्मा ने कहा कि इस तरह के बयान से धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं, जिसे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
लैंसकार्ट के इन हाउस ड्रेस कोड के तहत दस्तावेज में हिजाब की अनुमति थी, लेकिन बिंदी, तिलक और टीका जैसे हिंदू धार्मिक प्रतीकों का जिक्र नहीं था।
कंपनी की पालिसी सनातन के खिलाफ है। यह बहुत बड़ी साजिश है। इस मौके पर राधे गुप्ता, दीपक गुप्ता, नितेश आदि मौजूद रहे।
सनातन संस्कृति को धूमिल करने वालों का बायकाट
बजरंग दल के प्रांत मिलन प्रमुख विकास वर्मा ने कहा कि देश में इतना बड़ा व्यापार करने वाले यदि सनातन को अपमानित करते हैं तो कहीं ना कहीं बहुसंख्यक हिंदू समाज को एकजुटता के साथ विरोध करना चाहिए।
सनातन संस्कृति और उसके मान बिंदु को धूमिल करने वालों का विरोध कर इस तरह की कंपनी का बायकाट किया जाएगा। बजरंग दल इस मंगलवार को भी सामूहिक पाठ कर युवाओं को एकजुटता का संकल्प दिलाएगा।
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