हरिद्वार सामूहिक दुष्कर्म मामला: पुलिस ने अल्टीमेटम खत्म होने से पहले 6 आरोपितों को दबोचा
पथरी, हरिद्वार में किशोरी से गैंगरेप के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी सहित छह लोगों को गिरफ्तार किया है। ...और पढ़ें

पुलिस की गिरफ्त में किशोरी से गैंगरेप के आरोपित: जागरण
HighLights
किशोरी से गैंगरेप मामले में छह आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने अल्टीमेटम के भीतर आरोपियों को पकड़ा
मुख्य आरोपी महेश उर्फ मंत्री सहित सभी जेल भेजे गए
संवाद सूत्र, पथरी (हरिद्वार)। प्रेमी की पिटाई कर किशोरी से गैंगरेप के मामले में पुलिस ने आखिरकार मुख्य आरोपित सहित छह आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया।
राजनीतिक और सामाजिक संगठनों की ओर से शनिवार तक गिरफ्तारी का अल्टीमेटम दिया गया था।
पुलिस ने तय अल्टीमेटम के भीतर आरोपितों को गिरफ्तार कर पूरी घटना का पर्दाफाश कर लिया। आरोपितों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया।
पुलिस के मुताबिक, 12 जुलाई की देर शाम सुल्तानपुर क्षेत्र से एक किशोरी अपने प्रेमी के साथ बाइक पर घूमने निकली थी।
फूलगढ़ के नजदीक जंगल के पास शराब पी रहे कुछ युवकों ने उनका पीछा किया और अपने कुछ और साथियों को भी मौके पर बुला लिया। जहां आरोपितों ने युवक की पिटाई करते हुए उसे भगा दिया।
इसके बाद किशोरी के साथ दुष्कर्म किया। पीड़ित ने किसी तरह भागकर जान बचाई थी। पुलिस ने अगले दिन अज्ञात आरोपितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया।
गुरुवार को आरोपितों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर लक्सर विधायक मोहम्मद शहजाद, सुल्तानपुर नगर पंचायत अध्यक्ष ताहिर हसन, आजाद समाज पार्टी के नेता महक सिंह, जन अधिकार पार्टी के अध्यक्ष आजाद अली, भीम आर्मी के दीपक सेठपुर व इकराम अली सहित कई जनप्रतिनिधियों ने थाने का घेराव करते हुए शनिवार दोपहर 12 बजे तक का अल्टीमेटम दिया था।
इसके बाद बड़े आंदोलन की चेतावनी दी गई थी। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह के निर्देश पर थाना प्रभारी रविंद्र कुमार ने पुलिस टीम का नेतृत्व करते हुए आरोपितों की धरपकड़ में पूरी ताकत झोंक दी।
आखिरकार मुख्य आरोपित महेश उर्फ मंत्री के साथ-साथ मोहित, सुमित, आशु, शुभम व आकाश निवासीगण ग्राम फूलगढ़ पथरी को भी तय अल्टीमेटम में गिरफ्तार कर लिया।
आरोपितों ने कुबूल किया कि शराब के नशे में उन्होंने युवक से मारपीट व किशोरी से दुष्कर्म की घटना किो अंजाम दिया था। आरोपितों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया।
तनाव और दबाव के बीच खुलासा
मामला अलग-अलग समुदाय से जुड़ा होने के चलते घटना को लेकर तनाव भी बढ़ता जा रहा था। इसके साथ ही पुलिस पर गिरफ्तारी का दबाव भी हर दिन बढ़ रहा था।
तनाव और दबाव के बीच पुलिस ने आरोपितों को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा कर दिखाया। एसएसपी नवनीत सिंह ने थानाध्यक्ष रविंद्र कुमार व उनकी टीम को शाबाशी दी।
टीम में एसएसआई उपेन्द्र सिंह, फेरूपुर चौकी प्रभारी विपिन कुमार, एलआइयू उपनिरीक्षक नवीन तोमर, उपनिरीक्षक बबलू चौहान, महिला उपनिरीक्षक शाहिदा परवीन, हेड कांस्टेबल नारायण राणा, कांस्टेबल मुकेश चौहान, दीपक चौधरी, नारायण सिंह, राकेश नेगी व एसओजी रुड़की की टीम शामिल रही।