Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    देवघर श्रावणी मेला की तैयारियां पूरी, 29 जुलाई से उमड़ेगा आस्था का सैलाब; इस बार क्या रहेगा खास

    Updated: Sun, 26 Jul 2026 05:39 PM (IST)

    विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला 30 जुलाई से शुरू हो रहा है, जिसके लिए देवघर जिला प्रशासन और बाबा मंदिर प्रबंधन की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। श्रद्धालुओं ...और पढ़ें

    30 जुलाई से श्रद्धालु अरघा के माध्यम से बाबा बैद्यनाथ पर जलार्पण करेंगे।

    30 जुलाई से श्रद्धालु अरघा के माध्यम से बाबा बैद्यनाथ पर जलार्पण करेंगे।

    HighLights

    1. श्रावणी मेला 30 जुलाई से 28 अगस्त तक चलेगा।

    2. श्रद्धालुओं के लिए नया फुट ओवरब्रिज और अरघा तैयार।

    3. सुरक्षा, सुविधा हेतु व्यापक इंतजाम, सीसीटीवी निगरानी।

    अजय परिहस्त, देवघर। विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेले के शुभारंभ में अब केवल तीन दिन शेष रह गए हैं। 30 जुलाई से 28 अगस्त तक चलने वाले इस महापर्व को लेकर जिला प्रशासन और बाबा मंदिर प्रबंधन की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और सुगम दर्शन को ध्यान में रखते हुए मंदिर परिसर एवं मेला क्षेत्र में व्यापक स्तर पर व्यवस्थाएं की गई हैं।

    बाबा मंदिर प्रांगण स्थित शीघ्र दर्शनम मार्ग और सामान्य कतार के लिए संस्कार भवन से महाकाल भैरव मंदिर तक बनाया गया नया फुट ओवरब्रिज पूरी तरह तैयार हो चुका है। हालांकि इसका उद्घाटन 25 जुलाई को प्रस्तावित था, लेकिन किसी कारणवश नहीं हो सका।

    जांच एजेंसियों ने नए फुट ओवरब्रिज से जुड़ी अपनी रिपोर्ट जिला प्रशासन को सौंप दी है। 30 जुलाई से श्रद्धालु अरघा के माध्यम से बाबा बैद्यनाथ पर जलार्पण करेंगे। अरघा की मरम्मत का कार्य पूरा कर लिया गया है। वहीं लंबी कतार में नहीं लग पाने वाले श्रद्धालुओं के लिए पूर्व की भांति बाह्य अरघा की व्यवस्था भी रहेगी।

    पार्वती मंदिर की कतार व्यवस्था को भी बेहतर बनाया गया है। भीड़ नियंत्रण के लिए इस बार श्रद्धालुओं का प्रवेश सिंह द्वार और वीआइपी गेट के समीप से कराया जाएगा, जबकि निकास पूर्वी एवं पश्चिमी द्वार से होगा। पंडित शिवराम झा चौक से श्रद्धालुओं को नेहरू पार्क क्यू काम्प्लेक्स होते हुए फुट ओवरब्रिज के माध्यम से मंदिर में प्रवेश कराया जाएगा।

    खबरें और भी

    आकर्षक सजावट रहेगा कांवरियों के आकर्षण का केन्द्र

    पूरे मंदिर परिसर को आकर्षक विद्युत सज्जा से सजाया गया है। इतना ही नहीं मेला क्षेत्र में भी इस बार विद्युत की सजावट पिछले बार की तुलना में कहीं बेहतर और आकर्षक किया गया है। ये कांवरियों के लिए आकर्षण का केन्द्र रहेगा।

    इसके लिए बंगाल के चंदन नगर के कलाकारों को बुलाया गया है। वहीं शीघ्र दर्शनम के रास्ते पूजा करने श्रद्धालुओं के लिए नाथबाड़ी में होल्डिंग प्वाइंट और पंडाल तैयार किया जा रहा है। यहां बिजली, पेयजल, स्वच्छता तथा अतिरिक्त सफाई कर्मियों की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर पुलिस बल की तैनाती शुरू हो चुकी है।

    प्रशासन के पूर्व निर्णय के अनुसार शीघ्र दर्शनम कूपन का शुल्क 30 जुलाई से 300 से बढ़ाकर 600 कर दिया जाएगा। श्रावणी मेला के दौरान रविवार व सोमवार को शीघ्र दर्शनम की सुविधा नहीं रहेगी। वहीं इस दौरान किसी भी दिन वीआइपी पूरी तरह से बंद रहेगी। वहीं सुविधा भवन के एक शौचालय की मरम्मत पूरी हो चुकी है, जबकि अन्य कार्य जारी है।

    गर्भगृह में नौ टन क्षमता का नया अतिरिक्त एसी

    श्रद्धालुओं को गर्मी से राहत देने के लिए बाबा मंदिर के गर्भगृह में नौ टन क्षमता का नया अतिरिक्त एसी लगाया गया है। संस्कार भवन में मिस्ट कूलिंग सिस्टम की व्यवस्था की गई है। पूरे मेला क्षेत्र और मंदिर परिसर में बड़ी संख्या में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जिनकी निगरानी नेहरू पार्क स्थित कंट्रोल रूम से की जाएगी।

    इसके साथ ही नेहरू पार्क में दो बड़े डोम पंडाल तैयार किए गए हैं। वहीं उमा भवन, संस्कार भवन, सुविधा भवन, प्रशासनिक भवन, क्यू काम्प्लेक्स सहित मंदिर परिसर के सभी भवनों और बाबा मंदिर प्रांगण स्थित 22 मंदिरों में रंग-रोगन एवं साफ-सफाई का कार्य पूरा कर लिया गया है। श्रद्धालुओं के स्वागत के लिए बाबाधाम पूरी तरह सज-धज कर तैयार है।

    जिला प्रशासन का दावा है कि इस बार मेले में सुरक्षा, सुविधा और सुगम दर्शन की पहले से बेहतर व्यवस्था रहेगी, ताकि देश-विदेश से आने वाले लाखों श्रद्धालु सहज एवं सुरक्षित रूप से बाबा बैद्यनाथ का जलाभिषेक कर सकें। प्रयास है कि पूजा करने के बाद श्रद्धालु अपने मन में यहां की व्यवस्था के बारे में बेहतर भाव लेकर जाएं।

    यह भी पढ़ें- देवघर श्रावणी मेला: अब एक QR कोड से दूर होगी कांवड़ियों की परेशानी, रविवार को भी चलेगी मधुपुर-कोडरमा पैसेंजर

    यह भी पढ़ें- सुल्तानगंज से आनेवाले कांवड़ियों की दूर होगी थकान, खिजुरिया से बीएन झा पथ तक मिलेगी 'इंद्र और वरुण वर्षा'

    यह भी पढ़ें- श्रावणी मेला देवघर: AI कैमरे और रियल टाइम रिपोर्टिंग से होगी कांवड़ियों की निगरानी और भीड़ प्रबंधन