Kairav gandhi apaharan kand: इंडोनेशिया के मोबाइल नंबर से मांगी फिरौती, नहीं देने पर हत्या की धमकी
जमशेदपुर के उद्योगपति देवांग गांधी के बेटे कैरव गांधी का अपहरण कर लिया गया है। अपराधियों ने इंडोनेशिया के व्हाट्सएप नंबर से कॉल कर फिरौती मांगी और न द ...और पढ़ें

कैरव गांधी की फाइल फोटो।
HighLights
अपहरणकर्ताओं ने इंडोनेशियाई नंबर से फिरौती मांगी, हत्या की धमकी।
पुलिस की चार टीमें गठित, कांदरबेड़ा में मिली लावारिस कार।
जागरण संवाददाता, जमशेदपुर। लौहनगरी के प्रतिष्ठित उद्योगपति और आदित्यपुर स्माल इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (एसिया) के उपाध्यक्ष देवांग गांधी के 24 वर्षीय पुत्र कैरव गांधी का फिरौती के लिए अपहरण कर लिया गया है। अपराधियों ने परिजनों को इंडोनेशिया के व्हाट्सएप नंबर से कॉल कर धमकी दी है कि यदि फिरौती की रकम नहीं मिली तो कैरव की हत्या कर दी जाएगी।
रेकी के बाद वारदात को अंजाम
सिटी एसपी कुमार शिवाशीष के अनुसार, यह पूरी घटना एक सोची-समझी साजिश का हिस्सा है। अपराधियों ने कैरव की गतिविधियों की पूरी रेकी की थी।
मंगलवार दोपहर करीब 2:30 बजे घर से निकलने के बाद रात 8:00 बजे के बीच उनका अपहरण किया गया। पुलिस का मानना है कि अपहरणकर्ताओं को कैरव के आने-जाने के रास्तों और समय की सटीक जानकारी थी।
कांदरबेड़ा में लावारिस मिली कार
जांच के दौरान पुलिस को कैरव की क्रेटा कार चांडिल थाना क्षेत्र के कांदरबेड़ा (सरायकेला-खरसावां) में सड़क किनारे लावारिस हालत में मिली। कार में चाबी लगी हुई थी, जिससे यह अंदेशा जताया जा रहा है कि कैरव को डरा-धमकार वहीं किसी दूसरी गाड़ी में शिफ्ट किया गया है।
पुलिस की कार्रवाई और जांच टीमें
मामले की गंभीरता को देखते हुए कोल्हान डीआईजी अनुरंजन किस्पोट्टा ने जमशेदपुर और सरायकेला पुलिस को अलर्ट पर रखा है। इसके लिए कुल चार विशेष टीमें गठित की गई हैं जो अलग-अलग राज्यों और तकनीकी पहलुओं पर काम कर रही हैं।
पुलिस उस इंटरनेशनल नंबर (+62-831-94765544) की जांच कर रही है जिससे फिरौती की मांग की गई है। हालांकि, सुरक्षा कारणों से मांगी गई राशि का खुलासा नहीं किया गया है।
परिजनों में दहशत का माहौल
देवांग गांधी शहर के बड़े उद्यमियों में शुमार हैं और इंपीरियल ऑटो प्राइवेट लिमिटेड जैसी कंपनियों का संचालन करते हैं। बेटे के अपहरण के बाद से उनके घर पर शुभचिंतकों का तांता लगा है, लेकिन सुरक्षा और डर के कारण परिवार कुछ भी बोलने से बच रहा है।
घटना के 24 घंटे बीत जाने के बाद भी कैरव का सुराग न मिलना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बन गई है। पुलिस हर पहलू की जांच कर रही है।