रत्नागिरी को भूल जाएंगे! जब चखेंगे भारत की इन जगहों के मीठे आम, आज ही करें एक्सप्लोर
भारत में मैंगो टूरिज्म तेजी से बढ़ रहा है। इसके लिए आप भारत की 5 जगहों की सैर कर सकते हैं। ...और पढ़ें

आम के लिए मशहूर हैं भारत की ये जगहें (AI Generated Image)

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। आम सिर्फ एक फल नहीं है, बल्कि यह हमारी बचपन की यादों और गर्मी की छुट्टियों से जुड़ा एक एहसास है। बच्चों से लकर बड़ों तक, हर कोई आम के सीजन का बेसब्री के साथ इंतजार करता है। इसलिए ही आम फलों का राजा कहलाता है। भारत में आपको 1200 से भी ज्यादा आम की किस्में मिल जाएंगे, जो अपने अलग-अलग स्वाद के लिए जाने जाते हैं।
यही वजह है कि आजकल लोगों के बीच मैंगो टूरिज्म का क्रेज काफी बढ़ रहा है। अब लोग सिर्फ बाजार से आम खरीदने पर नहीं रुक रहे हैं, बल्कि छुट्टियों में आम के बड़े-बड़े बागान देखने जाना पसंद कर रहे हैं। वहां जाकर पेड़ों से ताजे आम तोड़ना, उनका स्वाद लेना मैंगो लवर्स के लिए एक बेहद खास अनुभव होता है। अगर आप भी मैंगो टूरिज्म का आनंद लेना चाहते हैं, तो आइए जानें भारत की उन चुनिंदा जगहों के बारे में जो अपने आमों के लिए मशहूर हैं।
यहां मिलता है आमों का राजा
महाराष्ट्र, गोवा और कर्नाटक के तटीय इलाकों यानी कोकण तट का अल्फांसो आम पूरी दुनिया में मशहूर है। इसे आमों का राजा भी कहा जाता है। ये देवगढ़, रत्नागिरी और रायगढ़ जैसे क्षेत्रों में उगते हैं। बिना रेशे वाला यह आम स्वाद में बेहद मीठा होता है। यहां आने वाले पर्यटक बागानों की सैर करते हुए सीधे पेड़ों से टूटे ताजे अल्फांसो का स्वाद चख सकते हैं।

(Picture Courtesy: Freepik)
उत्तर प्रदेश
माना जाता है कि मशहूर लंगड़ा आम की शुरुआत उत्तर प्रदेश के वाराणसी से हुई थी। उत्तर प्रदेश के साथ-साथ यह आम बिहार और पश्चिम बंगाल में भी खूब पाया जाता है। इसकी अलग-अलग क्षेत्रों में अपनी खासियत है; जैसे पूर्वी भारत में मिलने वाला लंगड़ा आम हरे रंग का और मीठा होता है, वहीं उत्तर भारत में मिलने वाली इसकी वैरायटी नारंगी रंग की, ज्यादा गूदेदार और रस से भरपूर होती है।
खबरें और भी
पश्चिम बंगाल
पश्चिम बंगाल के मालदा और मुर्शिदाबाद इलाकों में हिमसागर, लक्ष्मणभोग और दशहरी जैसी आम की बेहतरीन किस्में उगाई जाती हैं। ये किस्में भी बहुत ज्यादा मीठी और बिना रेशे की होती हैं, जिसके कारण इनकी भारी मांग रहती है। वैसे तो ये आम खासतौर से बंगाल में ही मिलते हैं, लेकिन उत्तर प्रदेश के मालिहाबाद और प्रतापगढ़ जैसे क्षेत्रों में भी ये मिलते हैं। खास बात यह है कि जून के महीने में यहां आम महोत्सव का आयोजन किया जाता है, जहां पर्यटक अलग-अलग किस्मों के आमों का लुत्फ उठा सकते हैं।
गोवा और कर्नाटक
गोवा का मंकुराद अपने खास स्वाद के लिए जाना जाता है। ये आम अपने स्वाद के साथ-साथ पीले रंग के लिए भी जाने जाते हैं। गोवा के अलावा, ये आम महाराष्ट्र और कर्नाटक के कुछ हिस्सों में भी मिलते हैं।
आंध्र प्रदेश
आंध्र प्रदेश भारत के सबसे बड़े आम उत्पादक राज्यों में से एक है। यहां आम की नीलम, बांगनपल्ली, सुवर्णरेखा और चिन्ना रसालू किस्में बेहद मशहूर हैं। राज्य के चित्तूर, प्राकासम और पूर्वी गोदावरी जैसे जिलों में फैले बागनों के देखने दूर-दूर से पर्यटक आते हैं। यहां मैंगो टेस्टिंग जैसे कार्यक्रम भी आयोजित किए जाते हैं, जहां आप ताजे आमों का स्वाद चख सकते हैं।
बेंगलुरु
दक्षिण भारत में बड़े पैमाने पर उगाया जाने वाला तोतापुरी आम कर्नाटक और तमिलनाडु की पहचान है। बेंगलुरु के तोतापुरी आमों की खासियत है कि इनका छिलका ज्यादा कड़वा नहीं होता, इसलिए कई लोग इन्हें छिलके के साथ भी खाना पसंद करते हैं।